काली आरती

अंधकार निवारण, भय मुक्त जीवन और आध्यात्मिक उन्नति के लिए

आरती · 23 बार पढ़ा गया
रोहन

आरती काली की, जग में उजियारी। दुष्ट दलन कारी, भव भय हरि हमारी॥

जय काली महाकाली, जय काली कालरात्रि। जय काली महाकाली, जय काली कालरात्रि॥

त्रिपुरा सुंदरी, जगदम्बा भवानी। शूल धारिणी, भस्मा धारी, दुष्ट दलन भवानी॥

जय काली महाकाली, जय काली कालरात्रि। जय काली महाकाली, जय काली कालरात्रि॥

माता काली महिमा अपार, जग में तेरा निवारण। शिवशक्ति का रूप प्यारा, करुणा तेरा अपार॥

जय काली महाकाली, जय काली कालरात्रि। जय काली महाकाली, जय काली कालरात्रि॥